
अगर आप ट्रेन से सफर करते हैं और ऑनलाइन टिकट बुकिंग करते हैं, तो यह खबर आपके लिए बेहद अहम है। भारतीय रेलवे कैटरिंग एंड टूरिज्म कॉर्पोरेशन (IRCTC) ने अपने ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर एडवांस टिकट बुकिंग के नियमों में बड़ा बदलाव किया है। नए नियमों के तहत अब आधार वेरिफिकेशन अनिवार्य कर दिया गया है, यानी बिना आधार लिंक अकाउंट वाले यूजर के लिए तय समय पर रिजर्व टिकट बुक कर पाना मुश्किल होगा।
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5 जनवरी से लागू हुए नए नियम
IRCTC के मुताबिक, 5 जनवरी 2026 से वही यूजर सुबह 8 बजे से शाम 4 बजे तक ट्रेन टिकट बुक कर पाएंगे, जिनका IRCTC अकाउंट आधार से वेरिफाइड है। जिन यात्रियों का अकाउंट आधार से लिंक नहीं है, उन्हें अब यह सुविधा शाम 4 बजे के बाद ही मिलेगी।
पहले आधार वेरिफाइड यूजर्स को सुबह 8 से दोपहर 12 बजे के बीच बुकिंग की अनुमति थी, बाद में यह समय चार घंटे बढ़ाया गया था। अब इसे बढ़ाकर पूरे आठ घंटे का कर दिया गया है। यानी, वेरिफाइड यूजर्स को अब पहले की तुलना में कंफर्म टिकट मिलने का ज्यादा मौका मिलेगा।
तीन चरणों में लागू हो रहा है बदलाव
रेलवे इस नये नियम को तीन चरणों में लागू कर रहा है—
- पहला चरण: 29 दिसंबर 2025 से लागू हुआ, जिसमें बिना आधार लिंक अकाउंट वाले यूजर के लिए सुबह 8 से 12 बजे तक टिकट बुकिंग पर रोक लगाई गई।
- दूसरा चरण: 5 जनवरी 2026 से शुरू हुआ, जिसमें यह रोक सुबह 8 से शाम 4 बजे तक बढ़ा दी गई।
- तीसरा चरण: 12 जनवरी 2026 से लागू होगा, जब बिना आधार लिंक अकाउंट वाले यूजर रात 12 बजे तक यानी पूरे 16 घंटे तक टिकट बुक नहीं कर सकेंगे।
इस तरह रेलवे ने धीरे-धीरे इन नियमों को लागू करते हुए यात्रियों को आधार वेरिफिकेशन कराने के लिए पर्याप्त समय दिया है।
क्यों जरूरी समझा गया यह कदम?
भारतीय रेलवे का तर्क है कि इस बदलाव का मकसद दलालों और फर्जी टिकट बुकिंग करने वालों पर रोक लगाना है। हर साल लाखों टिकट बुकिंग एजेंट, ऑटोमेटेड प्रोग्राम और फेक अकाउंट्स के जरिए सीटें ब्लॉक कर देते हैं, जिससे आम यात्रियों को कंफर्म टिकट नहीं मिल पाता।
आधार वेरिफिकेशन के बाद बुकिंग सिस्टम ज्यादा पारदर्शी और सुरक्षित बन जाएगा। साथ ही, रेलवे को यह सुनिश्चित करने का मौका मिलेगा कि टिकट असली यात्रियों के नाम पर ही जारी हो रहे हैं।
अब काउंटर टिकट पर भी होगा ओटीपी वेरिफिकेशन
यह नया नियम ऑनलाइन टिकट बुकिंग के लिए है, लेकिन रेलवे काउंटर से टिकट लेने वाले यात्रियों के लिए भी एक अहम बदलाव लागू किया गया है। अब काउंटर रिजर्वेशन के दौरान मोबाइल ओटीपी वेरिफिकेशन जरूरी कर दिया गया है। यानी, टिकट लेने के लिए इस्तेमाल किया गया मोबाइल नंबर आधार से लिंक होना चाहिए। इससे फर्जी बुकिंग को रोकने में मदद मिलेगी।
आधार लिंक यूजर्स को होगा अधिक फायदा
इस नियम से सबसे ज्यादा फायदा उन यात्रियों को मिलेगा, जिन्होंने पहले से अपनी IRCTC प्रोफाइल को आधार कार्ड से लिंक और वेरिफाई कर रखा है। एडवांस रिजर्वेशन पीरियड में अब वही यूजर सबसे पहले टिकट बुक कर पाएंगे। इससे उन्हें कंफर्म सीट मिलने की संभावना ज्यादा रहेगी, खासकर त्योहारी सीजन, गर्मी या सर्दी की छुट्टियों में जब ट्रेनों में सीट मिलना बेहद मुश्किल होता है।
आम यात्रियों की प्रतिक्रिया
यात्रियों की प्रतिक्रिया दो तरह की दिखाई दे रही है। कुछ लोग इस फैसले का स्वागत कर रहे हैं, उनका कहना है कि इससे असली यात्रियों को टिकट मिलने का अवसर बढ़ेगा। वहीं, कुछ यात्रियों ने चिंता जताई कि आधार वेरिफिकेशन प्रक्रिया धीमी है और बुजुर्ग या ग्रामीण क्षेत्रों के लोगों के लिए थोड़ा कठिन हो सकता है। हालांकि रेलवे ने स्पष्ट किया है कि आधार वेरिफिकेशन एक बार कर लेने पर आगे कोई परेशानी नहीं होगी।
अब क्या करें यात्री?
जो यूजर अभी तक अपने IRCTC अकाउंट को आधार से लिंक नहीं कर पाए हैं, उन्हें जल्द ही यह प्रक्रिया पूरी कर लेनी चाहिए। इसके लिए आप अपने अकाउंट में लॉगिन कर ‘My Profile → Aadhaar KYC’ सेक्शन में जाकर वेरिफिकेशन कर सकते हैं। प्रक्रिया पूरी होते ही आपका अकाउंट वेरिफाइड हो जाएगा और टिकट बुकिंग पर कोई समय सीमा नहीं रहेगी।

















