
अक्सर देखा जाता है कि सड़क दुर्घटना के बाद बाइक सवार मानसिक तनाव में आकर कुछ ऐसी गलतियां कर देते हैं, जिससे उनका इंश्योरेंस क्लेम रिजेक्ट हो जाता है, अगर आप चाहते हैं कि एक्सीडेंट की स्थिति में आपकी मेहनत की कमाई न डूबे और बीमा कंपनी आपको तुरंत हर्जाना दे, तो क्लेम फाइल करने से पहले ये दो महत्वपूर्ण काम करना अनिवार्य है।
Table of Contents
एक्सीडेंट स्पॉट के डिजिटल साक्ष्य जुटाएं
दुर्घटना के तुरंत बाद सबसे पहला और महत्वपूर्ण काम है घटना स्थल की फोटोग्राफी और वीडियोग्राफी करना, विशेषज्ञ बताते हैं कि क्लेम के दौरान बीमा कंपनियां अक्सर घटना की सत्यता पर सवाल उठाती हैं। ऐसे में:
- अपनी बाइक के डैमेज हिस्से की स्पष्ट तस्वीरें लें।
- यदि कोई दूसरी गाड़ी शामिल है, तो उसकी नंबर प्लेट और स्थिति की फोटो जरूर खींचें।
- आस-पास के वातावरण का वीडियो बनाएं ताकि एक्सीडेंट की लोकेशन स्पष्ट हो सके।
ये डिजिटल सबूत सर्वेयर के सामने आपकी स्थिति को मजबूत करते हैं।
‘इंस्टेंट इंटिमेशन’ है क्लेम पास होने की चाबी
अक्सर लोग बाइक को पहले मैकेनिक के पास ले जाते हैं और बाद में कंपनी को सूचित करते हैं, जो क्लेम रिजेक्शन का सबसे बड़ा कारण बनता है, नियम यह है कि दुर्घटना के तुरंत बाद अपनी इंश्योरेंस कंपनी को सूचित करें।
- कंपनी के टोल-फ्री नंबर या मोबाइल ऐप के जरिए क्लेम दर्ज कराएं।
- बिना कंपनी की अनुमति या सर्वेयर के निरीक्षण के बाइक की रिपेयरिंग शुरू न करवाएं।
- सूचना देने के बाद प्राप्त ‘क्लेम रेफरेंस नंबर’ को सुरक्षित रखें।
यह भी देखें: Airtel का धमाका! सिर्फ एक बार कराएं यह सस्ता रिचार्ज और 3 महीने तक पाएं अनलिमिटेड सब कुछ; देखें प्लान की पूरी डिटेल।
विशेषज्ञों की राय: इन बातों को भी न करें नजरअंदाज
इंश्योरेंस एक्सपर्ट्स के मुताबिक, क्लेम प्रक्रिया को और आसान बनाने के लिए बाइक सवारों को अपने साथ हमेशा ड्राइविंग लाइसेंस (DL) और रजिस्ट्रेशन सर्टिफिकेट (RC) रखना चाहिए। आप इन्हें DigiLocker पर भी सेव कर सकते हैं। इसके अलावा, यदि संभव हो तो हमेशा नेटवर्क गैरेज का ही चुनाव करें, जिससे आपको कैशलेस रिपेयरिंग की सुविधा मिल सके।
यदि आप अपनी पॉलिसी को अपग्रेड करना चाहते हैं या नई पॉलिसी की तुलना करना चाहते हैं, तो आप PolicyBazaar जैसी आधिकारिक वेबसाइट्स की मदद ले सकते हैं।
याद रखें, दुर्घटना के समय आपकी सजगता ही आपके क्लेम को सफल बनाती है, इन दो आसान स्टेप्स का पालन कर आप लंबी कानूनी और कागजी प्रक्रिया से बच सकते हैं।

















