
नया साल आया, लेकिन मध्य प्रदेश की 1.26 करोड़ बहनों को लाडली बहना योजना की अगली किस्त के लिए थोड़ा और सब्र रखना पड़ेगा। हर महीने की तरह जनवरी में 1500 रुपये की उम्मीद थी, मगर देरी हो रही। दिसंबर की किस्त तो 9 तारीख को आ गई थी, लेकिन इस बार आधी जनवरी निकल सकती है। बहनें सोच रही होंगी कब आएगा वो पैसा, घर का खर्च कैसे चले? चलिए, पूरी डिटेल समझते हैं।
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32वीं किस्त में देरी
सूत्र बता रहे हैं कि 32वीं किस्त 15 जनवरी को आ सकती है। गुरुवार को CM डॉ. मोहन यादव खातों में पैसे डाल सकते हैं। कार्यक्रम की फाइनल रूपरेखा अभी बाकी है, इसलिए थोड़ा इंतजार। 1.26 करोड़ पात्र महिलाओं को 1500-1500 रुपये मिलेंगे। ये योजना बहनों का सहारा बनी हुई राशन, बच्चों की पढ़ाई, सब संभालती। देरी से निराशा तो है, लेकिन जल्द अच्छी खबर की उम्मीद।
स्टेटस चेक कैसे करें
बहनों, घबराओ मत! अपना स्टेटस खुद चेक कर लो। ऑफिशियल वेबसाइट cmladlibahna.mp.gov.in पर जाओ। होम पेज पर ‘आवेदन एवं भुगतान की स्थिति’ क्लिक करो। अपना आवेदन नंबर या समग्र ID डालो, कैप्चा भरकर सबमिट। स्क्रीन पर सारी डिटेल आ जाएगी—किस्त आई या नहीं। मोबाइल से भी आसान। लाखों बहनें रोज चेक करतीं, तुम भी कर लो। समस्या हो तो हेल्पलाइन पर कॉल।
योजना की शुरुआत
2019 में शिवराज जी ने शुरू की ये योजना। गरीब परिवार की महिलाओं को हर महीने पैसे—पहले 1000, अब 1500। सालाना 18,000 तक। MP की बहनें कहतीं ये पैसा जीवन बदला। दवा, शादी, पढ़ाई—सब आसान। 1.26 करोड़ लाभार्थी, अरबों रुपये ट्रांसफर। चुनावी वादा था, लेकिन हकीकत में कमाल। CM बदले, योजना चली। बहनों की ताकत बनी।
किस्त का पैटर्न
ज्यादातर महीने 9-10 तारीख को आ जाती। दिसंबर में जल्दी आया। लेकिन बजट, तकनीकी वजहों से कभी देरी। जनवरी में 15 तारीख संभावित। सरकार कहती पैसे की कमी नहीं। DBT से डायरेक्ट खाते में। आधार लिंक जरूरी। अगर खाता बंद या KYC पेंडिंग, तो दिक्कत। बहनें अपडेट रखें।
भविष्य में बढ़ोतरी 3000 तक का वादा
CM मोहन यादव ने कहा चरणबद्ध बढ़ाएंगे। 2023 में 250 हायर करके 1500 किया। 2028 तक 3000 रुपये मासिक। नया वित्त वर्ष में शायद फिर इजाफा। बजट सेशन में ऐलान हो सकता। बहनें खुश, क्योंकि परिवार मजबूत हो रहा। ये सिर्फ पैसे नहीं, आत्मसम्मान है। MP सरकार महिलाओं पर फोकस अन्य योजनाएं भी चल रही।
लाभार्थी कौन? योग्यता की बात
23-60 साल की गरीबी रेखा से नीचे महिलाएं। विधवा, तलाकशुदा भी। MP निवासी, बैंक खाता, आधार। आवेदन ऑनलाइन या पंचायत से। रिजेक्शन हो तो अपील। करोड़ों बहनें जुड़ीं। योजना ने महिला सशक्तिकरण को बल दिया। घर से बाहर निकलीं, खुद निर्णय लेने लगीं।
सरकार का संकल्प कोई रुकावट नहीं
मंत्री-मुख्यमंत्री सक्रिय। हाल ही मीटिंग्स हुईं। बोले—सभी किस्तें समय पर। तकनीक सुधार, पोर्टल अपग्रेड। हेल्प डेस्क हर जिले में। बहनों की शिकायत सुनी जाती। 2026 में योजना और मजबूत। नया साल, नई उम्मीदें। 15 जनवरी का वेट करो, पैसा आएगा।
बहनों की उम्मीदें
गांव की बहनें बतातीं पैसे से बेटी की शादी की, बीमारी झेली। शहर में छोटा बिजनेस शुरू। ये योजना MP का गौरव। देरी हो, लेकिन विश्वास कायम। सरकार सुनती है। जल्द 32वीं किस्त, उसके बाद बढ़ोतरी। लाडली बहना सिर्फ नाम नहीं, बहनों का हक। क्या तुम्हारा स्टेटस चेक किया? शेयर करो कमेंट्स में।

















